हिल पैलेस संग्रहालय, त्रिपुनीथुरा (केरल) की जानकारी और ऐतिहासिक तथ्य


Famous Things: Hill Palace Museum Kerala Gk In Hindi Quick Info, History and Facts [Post ID: 45744]



हिल पैलेस संग्रहालय, केरल के बारे जानकारी: (Hill Palace Museum, Kerala GK in Hindi)

हिल पैलेस संग्रहालय केरल का सबसे बड़ा पुरातात्विक संग्रहालय है, जोकि कोच्चि शहर के पास त्रिपुनीथुरा नामक स्थान पर स्थित है। केरल को उसकी खूबसूरती के कारण गॉड्स ओन कंट्री के नाम से जाना जाता है। प्राचीनकाल में यह शाही पैलेस प्रशासनिक कार्यालय और कोचीन महाराजा का आधिकारिक निवास स्थान था। यह म्यूजियम अपनी सुंदरता और अद्भुत संरचना के कारण दुनियाभर में प्रसिद्ध है।

हिल पैलेस संग्रहालय का संक्षिप्त विवरण: (Quick Info about Hill Palace Museum)

स्थान त्रिपुनिथुरा, केरल (भारत)
निर्माणकाल 1865
प्रकार संग्रहालय

हिल पैलेस संग्रहालय का इतिहास: (Hill Palace Museum History in Hindi)

कोच्चि साम्राज्य की आधिकारिक राजधानी पहले त्रिशूर में स्थित थी और महाराजा के शाही कार्यालय के साथ अदालत भी शहर में ही स्थित थी। हालांकि, अनुष्ठानवादी रीति-रिवाजों के अनुसार, कोच्चि की रानी (पेनवाज़ीथपुरन) की सीट रॉयल राजधानी के रूप में देखी गई थी क्योंकि कोच्चि शाही परिवार में मैट्रिलिनल परंपराएं थीं और रानी को राज्य के संप्रभु के रूप में माना जाता था जिसके तहत राजा शासन करता था। साल 1755 के बाद से, रानी और उसके नौकर-चाकर भी त्रिपुनीथुरा में निवास करने लगे, जिससे इस शहर को वहां की आधिकारिक राजधानी बना दिया गया। बाद में राजकुमार राम वर्मा त्रिपुनीथुरा के राजा बन गए। साल 1865 में राजा के रहने के लिए एक शाही कार्यालय का निर्माण किया गया था। प्रारंभ में यह शाही कार्यालय, अदालत की इमारत और शाही सचिवों के महलों के कार्यालयों के रूप में शुरू हुआ, लेकिन जल्द ही बहुत सी संरचनाओं को भी मुख्य संरचना में विभिन्न उद्देश्यों में जोड़ा गया था।

हिल पैलेस संग्रहालय के बारे में रोचक तथ्य: (Interesting Facts about Hill Palace Museum in Hindi)

  • साल 1865 में निर्मित इस संग्रहालय परिसर में कुल 49 इमारतें है।
  • कोच्चि शहर से लगभग 10 किलोमीटर दूर स्थित ये महल 54 एकड़ (220,000 वर्ग मीटर) में फैला हुआ है।
  • इस अद्भुत महल में बनी सभी इमारतें समकालीन शैली को ध्यान में रखकर बनाई गई हैं, जोकि पारंपरिक वास्तुकला शैली का एक उत्कृष्ट उदाहरण हैं।
  • महल परिसर के अन्दर हिरन पार्क, पुरातात्विक संग्रहालय, बच्चों का पार्क, एक प्रागैतिहासिक पार्क और एक ऐतिहासिक संग्रहालय भी मौजूद है।
  • इनके अलावा पैलेस के आँगन में कुछ दुर्लभ मसाले और जड़ी बूटियाँ भी देखी जा सकती हैं।
  • इस महल के रखरखाव की जिम्मेदारी केरल राज्य पुरातत्व विभाग संग्रहालय को सौंपी गई है तथा उन्होंने महल की मूल स्थापत्य शैली को संरक्षित रखने का एक शानदार काम किया है।
  • कोचिन रॉयल परिवार द्वारा इस महल को केरल सरकार को सौंप दिया गया था और साल 1980 में, महल पुरातत्व विभाग द्वारा ले लिया गया था और बाद में यह एक संग्रहालय में परिवर्तित हो गया।
  • साल 1986 में इस पैलेस को आम जनता के लिए खोल दिया गया था।
  • इस संग्रहालय का परिसर मलयालम फिल्म उद्योग की सबसे पसंदीदा जगहों में से एक है। इसी पैलेस में चर्चित मलयालम फिल्म मणिचित्राअजहु के कुछ दृश्यों की शूटिंग भी की गई है।
  • यहां पर 200 से ज्यादा बर्तनों और सिरामिक पात्रों के दुर्लभ नमूने भी प्रदर्शित किए गए हैं जो जापान और चीन से लाए गए हैं।
  • हिल पैलेस म्यूजियम पर्यटकों के लिए सोमवार को छोड़कर सप्ताह के बाकी सभी 6 दिन 9:00 से 12:30 बजे और 02:00 से 04:30 बजे तक खुला रहता है।
  • इस महल में भारतीयों के लिए प्रवेश का शुल्क 30 रुपये और 5 से 12 के बच्चों के लिए 10 रुपये है। यहाँ पर फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी करना निषेध है।

Download - Hill Palace Museum Kerala Gk In Hindi PDF, click button below:

Download PDF Now

Like this Article? Subscribe to Our Feed!

Comments are closed